डोनाल्ड ट्रंप की नई टैरिफ नीति भारतीय शेयर बाजार को प्रभावित कर सकती है। किन सेक्टर्स पर होगा असर, और कौन-कौन से स्टॉक्स निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है? आइए जानते हैं।
ट्रंप टैरिफ्स: क्या बढ़ेगी मुश्किलें?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नए टैरिफ प्लान से वैश्विक बाजारों में हलचल मच गई है। विशेषज्ञों के मुताबिक, इस कदम से भारतीय निर्यात को भारी झटका लग सकता है। एमके ग्लोबल की रिपोर्ट के अनुसार, अगर 10% टैरिफ लगाया जाता है, तो भारत को $6 बिलियन (0.16% जीडीपी) का नुकसान हो सकता है, और अगर यह 25% तक बढ़ता है, तो यह आंकड़ा $31 बिलियन तक पहुंच सकता है।
1. इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर: क्या महंगे होंगे iPhones?
इलेक्ट्रॉनिक्स, भारत से अमेरिका को निर्यात किए जाने वाले सबसे बड़े उत्पादों में शामिल है, जो कुल $11.1 बिलियन का निर्यात करता है। इसमें से 50% से ज्यादा निर्यात iPhones का होता है, जो भारत में असेंबल होकर अमेरिका भेजे जाते हैं। यदि अमेरिका ने भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स पर टैरिफ बढ़ाए, तो यह Apple के सप्लाई चेन को नुकसान पहुंचा सकता है।
स्टॉक्स पर नजर:
- Dixon Technologies
- Reliance Jio
- Bharat Electronics
2. जेम्स और ज्वेलरी: क्या चमक होगी फीकी?
भारत से अमेरिका को किए जाने वाले ज्वेलरी निर्यात की कुल वैल्यू $9.9 बिलियन (FY24) है। अमेरिका, भारत के कटे-छंटे हीरे, सोने के आभूषण और लैब-ग्रो डायमंड्स के सबसे बड़े खरीदारों में से एक है।
स्टॉक्स पर नजर:
- Titan (Tanishq)
- Rajesh Exports
- Vaibhav Global
3. टेक्सटाइल और अपैरल: भारत को फायदा या नुकसान?
भारत का अमेरिका को टेक्सटाइल और अपैरल निर्यात लगभग $9.6 बिलियन का है। यदि अमेरिका भारत के टेक्सटाइल पर टैरिफ बढ़ाता है, तो यह एक बड़ा झटका होगा। हालांकि, अगर चीन पर पहले से लगे टैरिफ जारी रहते हैं, तो भारत को अप्रत्यक्ष रूप से फायदा भी मिल सकता है।
स्टॉक्स पर नजर:
- Page Industries (Jockey)
- Welspun India
- Trident
4. ऑटोमोबाइल सेक्टर: क्या भारतीय कंपनियां प्रभावित होंगी?
भारत से अमेरिका को ऑटोमोबाइल निर्यात कुल $2.6 बिलियन का है, जिसमें मुख्यतः ऑटो पार्ट्स शामिल हैं। अगर टैरिफ 70% तक बढ़ता है, तो यह सेक्टर प्रभावित हो सकता है।
स्टॉक्स पर नजर:
- Bharat Forge
- Tata Motors (JLR)
- Motherson Sumi
5. फार्मा इंडस्ट्री: क्या सुरक्षित रहेगा भारतीय दवा बाजार?
भारत से अमेरिका को फार्मास्युटिकल उत्पादों का निर्यात $12.5 बिलियन का है। भारत अमेरिका को 47% जेनरिक दवाएं सप्लाई करता है। अमेरिका इस सेक्टर पर टैरिफ लगाने से बच सकता है, क्योंकि इससे उसकी खुद की दवा कीमतें बढ़ सकती हैं।
स्टॉक्स पर नजर:
- Dr. Reddy’s
- Sun Pharma
- Lupin
6. IT सेक्टर: क्या होंगे छिपे नुकसान?
आईटी सेवाएं सीधे तौर पर टैरिफ से प्रभावित नहीं होतीं, लेकिन अमेरिका की नीति अगर आउटसोर्सिंग को लेकर कड़ी हुई तो भारतीय कंपनियों को बड़ा नुकसान झेलना पड़ सकता है।
स्टॉक्स पर नजर:
- Mphasis
- Infosys, TCS, Wipro
निष्कर्ष: क्या टैरिफ्स से भारतीय बाजार को बड़ा नुकसान होगा?
एमके ग्लोबल की रिपोर्ट के अनुसार, इन टैरिफ्स का असर सेक्टर-टू-सेक्टर अलग होगा। ऑटो, फार्मा, और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर अपेक्षाकृत सुरक्षित रह सकते हैं, लेकिन ज्वेलरी, टेक्सटाइल, और अपैरल इंडस्ट्री को नुकसान हो सकता है। ऐसे में निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है।